**Ritu Jain**
"MY IMAGINATION WILL GO FAR AND WIDE FROM ONE TIDE TO ANOTHER TIDE"
Wednesday, April 6, 2011
लगता है,परिंदों ने अपने
हौंसलों से छू लिया है,आसमान
ये थकते नहीं कभी,
मानो अनथक है,इनकी उड़ान
तिनका-तिनका चुनकर
बनाते हैं,घोंसले अपने
पर हैं छोटे,पर इरादे हैं बड़े इनके
आसमान से विशाल,सपने इनके|
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