"MY IMAGINATION WILL GO FAR AND WIDE FROM ONE TIDE TO ANOTHER TIDE"
Saturday, June 19, 2010
जीवन का आनंद किसी वास्तु या परिस्थिति में नहीं,बल्कि जीनेवाले के दृष्टिकोण में है,स्वंय अपने-आप में है|यही वजह है की एक ही परिस्थिति दो भिन्न दृष्टिकोण के व्यक्तियों के लिए अलग-अलग अर्थ रखती है|
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