तेरे प्यार को याद करके ,हम
रोये कितना ,
हमे खुद भी खबर नहीं,
आखों से कितने सपने ,
खोये हमने ,
हमे खुद भी खबर नहीं,
इम्तिहान देने होंगे ,कितने
पाने को तुझे ,
या खुदा,हमें अब सब्र नहीं.
There is no grief which time does not lessen and soften.
कभी कुछ पल के लिए,ख़ुद से दूर होकर,
किसी गरीब के झोंपडे में झाँककर देखो,
थोड़ा सा दर्द, उसके हिस्से का तुम,
अपने दिल से महसूस करके देखो,
उसकी बेबस आंखों से ,कुछ आंसू ,
कुछ देर के लिए ,चुराकर तो देखो,
कभी सच्चे दिल से ,किसी जरूरतमंद ,
के ,तुमकाम आकर तो देखो।