"MY IMAGINATION WILL GO FAR AND WIDE FROM ONE TIDE TO ANOTHER TIDE"
Sunday, May 17, 2009
जब भी होते हैं ,हम उदास , रंग बिरंगे फूल भी फीके से लगते हैं, मन को खुश नहीं कर पाती चहचहाती हुई चिड़ियाँ भी , बेरंग सा लगता है ,इन्द्रधनुष और कुदरत का हर नज़ारा भी।
काँटों भरी है ,राहें ज़िन्दगी की , सार्थक जीवन ,जीना नहीं आसान , ठोकर खाकर ,दुःख पाकर ही , सीख पाता ,यह बात हर इंसान।